शिक्षा शिक्षक ताराराम जी कहते हैं, “सब कंगूरा देख रहे हैं, मैं नींव तैयार कर रहा हूँ” ताराराम जी कहते हैं, "पहले नींव तैयार करो, फिर आगे बढ़ो। यह मेरा मूलमंत्र है।" वृजेश सिंह, संस्थापक-संपादक, एजुकेशन मिरर | 2 जुलाई 2017