ये तस्वीरें पहली कक्षा में पढ़ने वाली छह साल की आना ने बनाई है। आना को रंगों से प्यार है। आना को तस्वीरें बनाना बहुत पसंद है। इसकी एक झलक आप आना के बनाए चित्रों में, रंगों के चुनाव में और विविध तरह के बनाए फूलों में देख सकते हैं जो आपको अपने आसपास कहीं भी दिखाई नहीं देंगे, क्योंकि ये आना की कल्पना से वाटर कलर के माध्यम से कागज पर उतरे हुए फूल हैं। आना की रचनात्मक और कलात्मक दुनिया में आपका स्वागत है।
आना तस्वीरें बनाने के लिए क्रेयॉन, कलर पेंसिल, स्केच पेन, वाटर कलर और फिंगर पेंट समेत सभी तरीकों का इस्तेमाल करती हैं।ये तस्वीरें उसने वाटर कलर की मदद से बनाई गई हैं। गौर से देखने पर पता चलता है कि ये सारी तस्वीरें आना ने एक ही थीम ‘नेचर’ खासकर फूलों को ध्यान में रखकर बनाई है लेकिन ये सारे उसके ‘अपने’ फूल हैं।आना ने किसी भी फूल को गुलाब, गेंदा, चमेली, सूरजमुखी या कमल बनाने की कोशिश नहीं की। फूलों की तरह उनमें रंग भी उसके ‘अपने’ हैं।इस फूल के बनाने में नीले और हरे रंग का इस्तेमाल किया गया है।आना के फूलों की दुनिया से परिचित होकर आपको कैसा लगा, जरूर लिखिए टिप्पणी में।
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मुझे यकीन है आना से बातचीत किया जाए तो वह अपने चित्र पर एक कहानी भी बता दे। उभरती साक्षरता जो शिक्षक इस चित्र पर देख पाते है ।
बच्चों का सबसे प्रिय कार्य चित्र बनाना I
मुझे यकीन है आना से बातचीत किया जाए तो वह अपने चित्र पर एक कहानी भी बता दे। उभरती साक्षरता जो शिक्षक इस चित्र पर देख पाते है ।
बच्चों का सबसे प्रिय कार्य चित्र बनाना I
हाँ, काफी अच्छा सुझाव है आपका। चित्रों पर बातचीत से जरूर कोई कहानी या सोचने की प्रक्रिया पता चल सकती है।